Hindenburg Effect: महज 7 दिनों में हुआ अडानी ग्रुप को 9 लाख करोड़ का नुकसान, अब अमेरिका से भी झटका, जाने क्या है मामला

Hindenburg Effect: सिर्फ और सिर्फ 7 दिनों में ही अडानी ग्रुप को हुआ लगभग 9 लाख करोड़ का नुकसान और अब अमेरिका से भी अडानी ग्रुप को मिल रहा है बहुत बड़ा झटका, क्या अदानी ग्रुप इतना बड़ा लोस से अपने आप को उभार पायेगा? यह सवाल उन सभी के मन में उत्पन्न हो रहा होगा जो अडानी ग्रुप के शेयर में निवेश कर चुके होंगे|

अडानी ग्रुप में निवेश करने वाले निवेशक अभी बहुत बड़े लोस के गुजर रहे है क्योंकि अडानी ग्रुप का लगभग सभी शेयर 50 से 70 प्रतिशत तक गिर चूका है जो इसके निवेशकों के लिए बहुत बड़ा झटका हो सकता है|

जबसे अमेरिकी फर्म हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आई सामने आई है तब से अडानी ग्रुप के शेयर का भाव बहुत तेजी से नीचे गिर रहा है| निवेशकों को अपने शेयर बेचने तक का समय नहीं मिल पा रहा है| बहुत सारे निवेशक लोस के कारण बहुत बड़े सदमा से गुजर रहा है क्योंकि महज 7 दिनों में ही 70 प्रतिशत तक शेयर का गिर जाना कोई सामान्य बात तो नहीं है|

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Hindenburg का दावा

Hindenburg का कहना है कि अडानी ग्रुप का 7 लिस्टेड शेयर का वैल्यूएशन बहुत ही ओवर वैल्यूड है, और इसमें गिरावट अभी शुरू हुई है और आगे इसमें और भी गिरावट होने वाली है क्योंकि अडानी ग्रुप का सभी शेयर लगभग बहुत ज्यादा ओवर वैल्यूड है और Hindenburg ने यह भी कहा है कि अडानी समूह दशकों से स्टॉक हेरफेर और मनी लॉन्ड्रिंग में लगा हुआ है|

इसी के जवाब में अडानी ग्रुप ने कहा है कि Hindenburg सही से रिसर्च नहीं किया है और झूठा तथ्य फैला कर लोगों को गुमराह कर रहा है|

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आगे क्या होगा?

भरी गिरावट देखने के बाद अडानी समूह के निवेशक के मन में यह सवाल अवश्य चल रहा होगा कि अब आगे क्या होगा? क्योंकि लगभग 50 से 70 प्रतिशत लोस होने के बाद इतना बड़ा लोस कवर करना आसान बात तो नहीं है| और गिरावट के बाद आय दिन अडानी ग्रुप पर कई तरह के सवाल उठ रहे है|

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कई लोगों का यह भी कहना है कि अडानी ग्रुप का यह फ्रॉड है जिसमे वह लोगों से इन्वेस्टमेंट के रूप में रुपया लिया और खुद ही अपने शेयर के भाव में बहुत गिरावट कर दिया| इस तरह का लोगों द्वारा कहा जा रहा है जो शयद सच नहीं है|

जब भी कोई शेयर ओवर वैल्यूड होता है तो उसमे गिरावट आना आम बात है| पोलिटिकल एक्स्पोसेर के कारण अडानी ग्रुप का शेयर में बहुत ज्यादा संख्या में खरीददारी बढ़ रहा था जिसके कारण इसका शेयर का भाव बहुत तेजी से बढ़ा था| और अपने वैल्यू के ज्यादा के भाव में ट्रेड हो रहा था|

वर्तमान समय में गिरावट के बाद शेयर अपने वैल्यू जोन में प्रवेश कर चूका है और यहाँ से गिरने का उम्मीद बहुत ही कम है| लेकिन समाचार के प्रभाव से इसका शेयर का भाव और भी ज्यादा गिर सकता है|

इसीलिए अगर आप एक निवेशक या ट्रेडर है तो आपको स्टॉप लोस का पालन अवश्य करना चाहिए|

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